पंत विवि की डा. रूचिरा को ’राष्ट्रीय स्वास्थ्य सम्मान’
पंत विवि की डा. रूचिरा को ’राष्ट्रीय स्वास्थ्य सम्मान’
देश-विदेश के मौनपालकों को गोमूत्र तकनीक से लाभ पहुँचाने के लिए सम्मानित
जीबी पंत कृषि विश्वविद्यालय की कीट वैज्ञानिक डा. रूचिरा तिवारी को राष्ट्रीय स्वास्थ्य सम्मान-2017 से सम्मानित किया गया है। डा. रूचिरा को यह सम्मान 27 दिसंबर को नई दिल्ली में पोषण एवं प्राकृतिक स्वास्थ्य विज्ञान संघ की राष्ट्रीय अध्यक्षा डा. निकी डबास एवं दिल्ली मेडिकल काऊंसिल सचिव डा. गिरीश त्यागी द्वारा प्राकृतिक मधुमक्खी पालन में देश-विदेश के मौनपालकों को गोमूत्र आधारित मधुमक्खीपालन तकनीक से लाभ पहुँचाने के लिए ’आउटस्टैंडिंग साइंटिस्ट अवार्ड फॉर नेचुरल बी कीपिंग’ प्रदान किया गया है।
डा. रूचिरा ने पूरे विश्व में मधुमक्खीपालन के क्षेत्र में पहली बार गोमूत्र आधारित जैव तकनीक बनाई, और देश-विदेश के कई मौनपालकों के साथ जुडकर मौनपालन में क्रांति ला दी। उन्हें यह सम्मान गोमूत्र आधारित तकनीक अपनाकर लाभ कमाने वाले मौनपालकों एवं आंध्र प्रदेश के प्रगतिशील मौनपालक जगदीश रेड्डी की फीडबैक के आधार पर दिया गया, जो जैविक कृषि से लाभ उठा रहे हैं। राष्ट्रीय सम्मान समारोह में उन विभूतियों को भी सम्मानित किया गया, जो विभिन्न क्षेत्रों में प्राकृतिक नवाचार शोधकार्य के द्वारा प्राकृतिक पादप, जीव-जंतुओं का संरक्षण करने में योगदान दे रहे हैं। इस संघ के अंतर्गत कृषि वैज्ञानिक, चिकित्सक, शिक्षक, समाजसेवी, आयुर्वेद, योग, पर्यावरण विशेषज्ञों को सम्मानित किया गया, जो देश के विभिन्न राज्यों गुजरात, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, आदिं से थे। डा. रूचिरा तिवारी की इस उपलब्धि पर विवि कुलपति डा. एके मिश्रा, निदेशक शोध डा. एसएन तिवारी, अधिष्ठाता कृषि डा. जे. कुमार एवं विभागाध्यक्ष डा. प्रमोद मल्ल सहित परिसरवासियों ने हर्ष प्रकट करते हुए बधाई दी है।


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